बड़वानी में जारी सीवरेज का आधा अधूरा अधूरा व घटिया काम जनजीवन के लिए परेशानी का सबब बनने लगा है। ऐसे में शहर के दशहरा मैदान के समीप कृष्णा स्टेट सहित अन्य कॉलोनियों में आवाजाही के मुख्य मार्ग पर सीवरेज का पानी जमा होने से छोटा तलैया बन गया है। जिससे लोगों को गंदे व बदबूदार पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है।
हॉलाकि इसको लेकर रविवार को नगर पालिका में नेता प्रतिपक्ष सहित रहवासियों ने गंदे पानी में बेशर्म के पौधे लगाकर अनोखा विरोध जताया था। रहवासियों ने उक्त नाले वाले मार्ग पर पुलिया बनाने की मांग की। मौके पर पहुंचे नगर पालिका में नेता प्रतिपक्ष राकेश सिंह जाधव ने कहा कि कृष्णा स्टेट कॉलोनी के मार्ग पर सीवरेज कंपनी के घटिया काम व बदइंतजामी का परिणाम यहां आधा दर्जन से अधिक कॉलोनी के हजारों लोग भुगत रहे हैं।
सीवरेज कंपनी की लापरवाही से इन कॉलोनी में आवाजाही के मुख्य मार्ग पर बेशर्मी की कृत्रिम झील बन चुकी है। जिसमें सीवरेज का गंदा पानी के तलैया के रूप में फैल गया। जिससे राहगीर और नगर पालिका के ट्रेंचिंग ग्राउंड के वाहन भी यहां से गुजर रहे है। लोगों को खासी परेशानियों को सामना करना पड़ रहा है।
आगामी दिनों में गणगौर पर्व है। इन कॉलोनियों के लोग इसी मार्ग से माताजी के पवित्र रथों को लेकर निकलेंगे लेकिन यहां पूरे मार्ग पर गंदा पानी जमा हो चुका है। जिसने सीधे तौर पर धार्मिक भावनाएं प्रभावित होगी। स्थानी निवासियो ने चेतावनी दी है कि जल्द ही समस्या का निराकरण नही हुआ तो वे आंदोलन करेंगे।
स्थानीय निवासियों ने कहा कि कॉलोनी के मार्ग पर नाला निकलता है। वर्षाकाल में वह तेज वेग से बहता है। वर्तमान में सीवरेज का पानी जमा हो गया है। जिससे आवागमन मुश्किल हो गया है। कॉलोनी वासियों की पुलिया की मांग पर जिला पंचायत सीईओ का आश्वासन अब तक अधूरा है हॉलाकि मौके से सीवरेज कम्पनी वालों से भी सम्पर्क किया लेकिन वो कॉल तक अटेंड नही करते है। गंदे पानी से निकलने के दौरान बाइक का संतुलन बिगड़ने पर बाइक सवार भी गिर रहे हैं।
कॉलोनी वासियों के कहना है कि मार्ग पर बहने वाला नाला वर्षाकाल में इतना तेज वेग में बहता है कि बाइक आधी डूब जाती है। पंचायत सभी टैक्स लेती हैं, परन्तु बिजली, पानी सफाई सड़क की कोई सुविधा नहीं है। कॉलोनी का मुख्य मार्ग बंधान रोड पर एक किमी दूर हैं, ऐसे में लोग दशहरा मैदान वाले मार्ग से अधिक आवाजाही करते है, लेकिन यहां नाले से होकर गुजरना मुश्किल होता है। इस संबंध में रहवासियों ने जन प्रतिनिधियों सहित अधिकारियों को आवेदन सौंपकर इस नाले वाले मार्ग पर पुलिया निर्माण की मांग की है।