रिपोर्ट – माया सिंह
महाराष्ट्र : देश में कोरोना का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है और इसका दायरा लगातार बढ़ते ही जा रहा है । इस दौरान सबसे ज्यादा बड़े शहरों की हालत खराब है । जिले में मेडिकल व्यवस्था पूरा तरह चरमरा गई है । आलम यह है कि मरीजों के बढ़ते तदाद के कारण पैसे रहते हुये भी लोगों को न तो बेड मिल पा रहा है और नाहि ऑक्सीजन । कोरोना वायरस के कहर ने लोगों को लाचार बना दिया है । महाराष्ट्र में कोरोना का भयावह मंजर उस वक्त देखने को मिला जब एक बुजुर्ग कोरोना मरीज के लाचार बेटे ने सरकार से दर्दनाक गुहार लगाई ।

अपने बुजुर्ग पिता को एंबुलेंस में लेकर पिछले दो दिनों से लगातार महाराष्ट्र और तेलंगाना के कई अस्पतालों में भटकता रहा लेकिन उसे कहीं बेड नहीं मिला । आखिरी में थक हारकर मरीज के बेटे सागर किशोर नाहरशेट्टीवर ने बेहद मार्मिक गुहार लगाई , कहा- अगर बेड नहीं है तो मेरे पिता को इंजेक्शन देकर मार ही दो

दरअसल , महाराष्ट्र के चंद्रपुर निवासी 71 साल के बुजुर्ग ऑक्सीजन लगाकर एंबुलेंस से चक्कर काटते रहे लेकिन जिले सहित पड़ोसी राज्य में भी उन्हें वेंटिलेटर बेड अब तक नहीं मिल पाया है और वे बेड के इंतजार मे जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं । परिजनों का कहना है कि हर अस्पताल से एक ही जवाब सुनने को मिल रहा है कि बेड खाली नहीं है । स्थिती इतनी खराब है कि न तो बेड मिल रहा है और नाहि ऐसा हालत में मरीज को घर ले जा सकते हैं ।

मरीज के बेटे सागर ने बताया कि इलाज के लिये पिछले तीन दिनों से महाराष्ट्र के साथ ही तेलंगाना के भी कई अस्पतालों में चक्कर काट चुके हैं । इसके अलावा अपने पिता को लेकर मुंबई से 850 किमी दूर चंद्रपुर भी पहुंचे, लेकिन मरीजों की तादाद अचानक बढ़ने से वहां भी स्वास्थ्य व्यवस्था बिगड़ गई।

गौरतलब है कि कोरोना वायरस के दूसरे लहर में महाराष्ट्र बेहाल है । कोरोना संक्रमण पर काबू पाने के लिये राज्य में कोरोना कर्फ्यू लगा दिया गया है । बताया जा रहा है कि अस्पताल से लेकर श्मशान घाट तक स्थिति बेहद खराब है ।