बैतूलः मध्य प्रदेश के बैतूल से एक दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है, जहां निजी अस्पतालों में इलाज व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। शहर के पूजा हॉस्पिटल में कथित रूप से डॉक्टरों की लापरवाही के चलते 57 वर्षीय महिला कल्याणी नायडू की जान चली गई। मृतका आमला बस स्टैंड क्षेत्र की निवासी थीं और एयरफोर्स में सफाई कर्मी के रूप में कार्यरत बताई जा रही हैं।
परिजनों के मुताबिक 25 फरवरी को तबीयत खराब होने पर महिला को अस्पताल लाया गया था, जहां डॉक्टर ने बीपी और शुगर बढ़ी होने की बात कही, लेकिन हालत नियंत्रित करने के लिए जरूरी उपचार नहीं किया। आरोप है कि बुधवार शाम अचानक इंजेक्शन देकर महिला को ऑपरेशन थिएटर ले जाया गया और ऑपरेशन कर दिया। करीब डेढ़ घंटे बाद महिला को गंभीर हालत में बाहर लाकर दूसरे अस्पताल ले जाने की सलाह दी गई। परिजनों का कहना है कि विरोध करने पर मरीज को दूसरा इंजेक्शन लगाया गया, जिसके बाद उसकी हालत और बिगड़ गई। इसके बाद महिला को दूसरे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद गुस्साए परिजनों ने देर रात अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति संभाली। परिजन दोषी डॉक्टर और अस्पताल प्रबंधन पर कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने तक शव लेने से इनकार कर दिया। फिलहाल मेडिकल टीम द्वारा वीडियोग्राफी के साथ पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। सीएमएचओ ने भी प्राथमिक तौर पर उपचार में लापरवाही की बात स्वीकार की है।