{ मुरादाबाद से शकील की रिपोर्ट }
जनपद मुरादाबाद में अन्य राज्यों से आ रहे दैनिक मजदूरों को क्वेरेंटाईन करने के लिए डीआईओएस प्रदीप कुमार द्विवेदी के अंडर में 10 शिक्षा संस्थानों को शेल्टर होम में तब्दील किया गया है. जनपद मुरादाबाद जिले में बाहर से आने वाले दैनिक मजदूर जो पैदल सड़क के रास्ते अपने घर आ जा रहे थे।
उनको मुरादाबाद जनपद की सीमा पर ही रोक कर स्कूलों में बनाये गये शेल्टर होम में भेजकर क्वेरेंटाईन किया गया है. अभी तक चार अलग अलग स्कूलों में 197 मजदूरों को क्वेरेंटाईन किया गया है. सभी के लिए नाश्ता और खाने की व्यवस्था प्रशासन की तरफ से की गईं है.
स्वास्थ्य विभाग की टीम भी प्रत्येक दिन आकर इन लोगों की स्क्रीनिंग कर रही है. कोई परेशानी है तो उसको दवाई भी दी जा रही है.
मुरादाबाद जनपद में भी कोरोना वायरस को मुरादाबाद प्रशासन द्वारा भी गम्भीरता से लिया गया है और मुरादाबाद में प्रवेश करने वाले किसी भी बाहरी मजदूर या व्यक्ति को मुरादाबाद में ही रोककर उन्हें क्वेरेंटाईन करने के लिए मुरादाबाद के जिला विद्यालय निरीक्षक प्रदीप कुमार द्विवेदी को प्रभारी बना दिया है।
प्रदीप कुमार द्विवेदी ने बताया कि मुरादाबाद में वर्तमान में चार शेल्टर होम संचालित है. जो हमारे यात्री है जो दूसरे जनपदों से आये है. जो हमारे मजदूर वर्ग के लोग है उनको यहा रखा गया है. सोशल डिस्टेनिग का भी ध्यान भी रखा गया है.
जो कोरोना का प्रोटोकॉल है उसका पूरी तरह से पालन किया जा रहा है. स्वास्थ विभाग की टीम नियमित रूप से चारों शेल्टर होम का निरीक्षण कर रही है. खाने पीने की पूरी व्यवस्था जिला प्रशासन द्वारा की गई है. जब तक लॉक डाउन की अवधि है तब तक यह शेल्टर होम चलाये जाएंगे.