रिपोर्ट: सत्यम दुबे
सिद्धार्थनगर: यूपी के सिद्धार्थनगर से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसे जानकर आप भी दंग रह जायेंगे। जिले के खुनियांव विकासखंड प्राथमिक विद्यालय अगरडीह की महिला शिक्षा मित्र ने प्रधानाध्यापक को दौड़ा-दौड़ाकर चप्पलों से पीटई कर दी थी। जिसके बाद इस मामले में शिक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग ने 2 शिक्षकों को निलंबित कर महिला शिक्षामित्र का अग्रिम आदेश तक वेतन रोक दिया है।
वहीं प्रधानाध्यापक मनोज यादव को बीआरसी, भनवापुर से संबद्ध किया गया। उनके ऊपर शिक्षामित्र से छेड़छाड़ करने एवं जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करना, शिक्षा विभाग की छवि को धूमिल करने सहित कई आरोप लगाए गए हैं। इसके साथ ही सहायक अध्यापक तेजपाल को महिला शिक्षामित्र से हुए विवाद का वीडियो बनाने एवं उसे वायरल करने, उपस्थित पंजिका पर फर्जी हस्ताक्षर बनाने, प्रभारी प्रधानाध्यापक के साथ मारपीट करने एवं सहायक अध्यापकों व उच्च अधिकारियों पर अभद्र भाषा का प्रयोग करने जैसे कई गंभीर आरोप लगाते हुए निलंबित किया गया है। निलंबन के दौरान उन्हें बीआरसी, लोटन पर अटैच कर दिया गया है।
जबकि वायरल वीडियो में चप्पल से प्रभारी प्रधानाध्यापक को पीटती दिखने वाली महिला शिक्षा शिक्षामित्र को स्पष्टीकरण देने को कहा है और साथ ही अगले आदेश तक उसका मानदेय रोक दिया गया है। बेसिक शिक्षा अधिकारी राजेंद्र सिंह ने बीईओ कुंवर विक्रम पांडे की जांच रिपोर्ट के आधार पर ये कार्रवाई की है।
आपको बता दें कि सिद्धार्थनगर की इटवा तहसील के एक सरकारी प्राइमरी स्कूल में महिला शिक्षा मित्र ने प्रधानाध्यापक पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। शिक्षा मित्र की शिकायत का संज्ञान लेकर बीएसए ने जांच के आदेश दिये हैं। आरोप है कि आगरडीह प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापक मनोज कुमार ने गुरुवार सुबह शिक्षामित्र को अपने कार्यालय में बुलाया और उसे परेशान करने की कोशिश की। जब उसने विरोध किया तो अपमानजनक शब्दों का प्रयोग करते हुए उसे कार्यालय से भगा दिया।
इसके बाद महिला शिक्षा मित्र ने प्रधानाध्यापक को स्कूल परिसर में दौड़ा कर पीटा, वायरल विडियो में आप देख सकते हैं कि शिक्षा मित्र हाथ में सैंडल (चप्पल) लिए उनके पीछे दौड़ रही है। प्रधानाध्यापक की पिटाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।