1. हिन्दी समाचार
  2. मध्य प्रदेश
  3. बड़वानी में कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री को भेजा कई मांगों से संबंधित ज्ञापन

बड़वानी में कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री को भेजा कई मांगों से संबंधित ज्ञापन

मध्यप्रदेश आंगनवाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ, राज्य कर्मचारी संघ, भारतीय मजदूर संघ ने भरी हुंकार।

By: Naredra 
Updated:
बड़वानी में कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री को भेजा कई मांगों से संबंधित ज्ञापन

बड़वानी जिले में विभिन्न कर्मचारी संगठनों ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को संयुक्त रूप से 30 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका संघ, मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ तथा भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों ने कर्मचारियों, श्रमिकों, संविदा, दैनिक वेतनभोगी व आउटसोर्स कर्मियों की लंबित मांगों के निराकरण की मांग उठाई।

मध्यप्रदेश आंगनवाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ, जिला बड़वानी ने कार्यकर्ताओं को नियमित कर्मचारी का दर्जा देने, मानदेय में वृद्धि, 5 हजार रुपये मासिक पेंशन, सेवाकाल में मृत्यु पर 2 लाख रुपये सहायता राशि तथा पर्यवेक्षक पद पर बिना परीक्षा पदोन्नति की मांग की। साथ ही मानदेय का भुगतान प्रत्येक माह की 5 तारीख तक सुनिश्चित करने और अन्य विभागीय कार्यों से मुक्त रखने की मांग रखी गई।

वहीं मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ ने केंद्र के समान महंगाई भत्ता, पुरानी पेंशन योजना बहाल करने, वेतन विसंगतियों के निराकरण हेतु वेतन आयोग गठन, कर्मचारियों के लिए कैशलेस स्वास्थ्य बीमा योजना लागू करने तथा पदोन्नति प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने की मांग की। संघ ने संविदा कर्मचारियों को नियमित पदों पर समायोजित करने, ग्रेड-पे विसंगति सुधारने, अनुकंपा नियुक्ति प्रक्रिया सरल बनाने और 70/80/90 प्रतिशत वेतन व्यवस्था समाप्त कर पूर्ण वेतन देने की मांग भी उठाई।

भारतीय मजदूर संघ ने आउटसोर्स कर्मचारियों की सेवा सुरक्षा नीति बनाने, दैनिक वेतनभोगियों का स्थायीकरण, आशा-उषा व आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को नियमित दर्जा देने तथा सामाजिक सुरक्षा लाभ सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही आशा पर्यवेक्षकों का मानदेय 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने, पांच दिवसीय कार्य सप्ताह लागू करने, पटवारियों, शिक्षकों, फार्मासिस्ट, नर्सिंग स्टाफ सहित विभिन्न विभागों की वेतन विसंगतियां दूर करने तथा पदनाम परिवर्तन संबंधी मांगें भी शामिल रहीं।

संगठनों के पदाधिकारियों ने कहा कि पूर्व में भी विभिन्न स्तरों पर ज्ञापन दिए गए थे, लेकिन अब तक मांगों का निराकरण नहीं हुआ है, जिससे कर्मचारियों में असंतोष व्याप्त है। उन्होंने शासन से शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की। ज्ञापन सौंपने के दौरान विभिन्न संगठनों के जिला पदाधिकारी, कर्मचारी प्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...