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IIT कानपुर ने बनाया 2 किलो का स्वदेशी ड्रोन: 14,000 फीट की ऊंचाई से करेगा दुश्मनों का सफाया

आईआईटी कानपुर के विशेषज्ञों ने भारतीय सेना के लिए एक शक्तिशाली स्वदेशी ड्रोन 'कामकाजी ड्रोन' का निर्माण किया है, जो युद्ध क्षेत्र में दुश्मनों को मिनटों में निशाना बनाने में सक्षम है।

By: Rekha 
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IIT कानपुर ने बनाया 2 किलो का स्वदेशी ड्रोन: 14,000 फीट की ऊंचाई से करेगा दुश्मनों का सफाया

आईआईटी कानपुर के विशेषज्ञों ने भारतीय सेना के लिए एक शक्तिशाली स्वदेशी ड्रोन ‘कामकाजी ड्रोन’ का निर्माण किया है, जो युद्ध क्षेत्र में दुश्मनों को मिनटों में निशाना बनाने में सक्षम है। यह आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक बड़ा कदम है, जो न केवल सेना की ताकत को बढ़ाएगा बल्कि इसे विदेशों में भी व्यापक रूप से मान्यता प्राप्त हो रही है।

ड्रोन की क्षमता और विशेषताएं

करीब ढाई साल की मेहनत के बाद एयरोस्पेस इंजीनियरिंग विभाग ने इसे सेना की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार किया है। कामकाजी ड्रोन में 2 किलोग्राम तक का वजन ले जाने की क्षमता है, और इसकी अधिकतम गति 35-40 किमी/घंटा है, जिसे 180 किमी/घंटा तक बढ़ाया जा सकता है। यह ड्रोन दुश्मन के टैंकों, हथियारों और अन्य साजो-सामान को निशाना बनाकर उन्हें मिनटों में ढेर कर सकता है।

इसकी मिनिमम रेंज 100 किमी तक है, जो गति बढ़ाने पर और भी ज्यादा हो जाती है। यह चार्जेबल ड्रोन 3 से 4 घंटे तक लगातार उपयोग में रह सकता है और इसमें इंफ्रारेड सेंसर, जीपीएस जैसी आधुनिक सुविधाएं भी शामिल हैं, जो दुश्मन की सटीक लोकेशन का पता लगाने में मददगार होंगी।

1500 करोड़ रुपये का लक्ष्य

आईआईटी कानपुर के वरिष्ठ प्रोफेसर सुब्रमण्यम सैडरेला के अनुसार, आगामी पांच वर्षों में कामकाजी ड्रोन के माध्यम से 1500 करोड़ रुपये का कारोबार करने का लक्ष्य है। यह ड्रोन एक सुसाइड ड्रोन की तरह भी काम करेगा, जिसमें दुश्मनों को मारने के बाद भी इसका पूरा नियंत्रण सेना के पास रहेगा। इसके बाद इसे आसानी से नष्ट भी किया जा सकता है।

ड्रोन की टेस्टिंग और रक्षा मंत्री का निरीक्षण

आईआईटी कानपुर की लैब में इस ड्रोन की टेस्टिंग सफल रही है। अगर सेना इस ड्रोन को उपयोग के लिए स्वीकृत करती है, तो आने वाले 6-8 महीनों में इसका ट्रायल भी पूरा कर लिया जाएगा। हाल ही में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस ड्रोन का निरीक्षण किया, जो इसकी प्रभावशीलता और संभावनाओं को दिखाता है।

कामकाजी ड्रोन: एक आधुनिक युद्ध उपकरण

यह घातक और अत्याधुनिक ड्रोन दुश्मनों को बिना किसी साउंड के पहचान कर उनकी सटीक लोकेशन को ट्रैक कर सकता है। इसकी मदद से सैनिकों को न केवल दुश्मनों की सटीक जानकारी मिलेगी बल्कि तस्वीरें और वीडियो भी प्राप्त कर सकते हैं। इस ड्रोन का उपयोग न केवल सेना को अत्यधिक लाभ पहुंचाएगा बल्कि देश को तकनीकी रूप से भी सशक्त बनाएगा।

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