बड़वानी जिले के ग्राम छोटा बड़दा पुनर्वास स्थल पर सरदार सरोवर परियोजना के विस्थापित परिवार मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहे हैं। लगभग 100 से अधिक आबादी वाले इस स्थल पर बिजली, सड़क, शिक्षा और पेयजल जैसी सुविधाओं का वादा किया गया था, लेकिन पेयजल संकट आज भी गंभीर बना हुआ है।
हालांकि मध्यप्रदेश सरकार पुनर्वास स्थलों पर भूखंडों की रजिस्ट्री के लिए शिविर आयोजित कर रही है और आवेदन भी ले रही है। वहीं पानी जैसी बुनियादी सुविधा अभी तक उपलब्ध नहीं कराई गई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि उन्हें मूल गांव छोटा बड़दा से विस्थापित कर यहां लाया गया था, लेकिन जीवनयापन के लिए आवश्यक संसाधन अब भी नदारद हैं। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने अधिकारियों को कई बार इस समस्या से अवगत कराया है, लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं निकला है।
इस संबंध में एनवीडीए के इंजीनियर लोकेश सोलंकी ने बताया कि क्षेत्र में एक ट्यूबवेल कराया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि बड़ी मोटर लगाकर जलप्रदाय व्यवस्था में सुधार की कार्रवाई की जा रही है, जिससे पानी का संकट दूर होने की उम्मीद है।