हैदराबाद के हीरो रहे मनीष पांडे ने 47 गेदों पर चार चौके और आठ छक्कों की मदद से नाबाद 83 रन बनाए। जिसमे उनकी ताबड़तोड़ फिफ्टी भी शामिल थी। पांडेय ने 28 गेंदों पर अपनी फिफ्टी पूरी कर ली थी। इसके लिए उन्हें मैन ऑफ़ द मैच भी चुना गया था।
मैच के बाद उन्होंने कहा “हमारी टीम के मध्यक्रम को लेकर काफी बातें की जा रही थी। यह हमारे लिये अच्छा प्रदर्शन करने का सबसे उपयुक्त समय था। मैंने लक्ष्मण सर और कोच से बात की। मैं बहुत नहीं सोचना चाहता था और सही तरह से अपने शॉट खेलना चाहता था। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘हमने शुरू में ही दो अच्छे बल्लेबाज गंवा दिए थे। लेकिन किसी ने कहा कि यह हमारे पास टीम को मैच जितवाने का मौका है। मुझे लंबे समय से इसका इंतजार था। जोफ्रा आर्चर अगर तीसरा ओवर करता तो हम उसे संभलकर खेलते हमने दो लेग स्पिनरों और भारतीय तेज गेंदबाजों को निशाना बनाने की रणनीति बनाई थी। ’’
4 रन बनाकर आउट हुए कप्तान डेविड वार्नर बोले ‘‘यह जबर्दस्त प्रदर्शन था। हम इसी तरह का मैच चाहते थे। यह एक संपूर्ण प्रदर्शन था। यह देखकर अच्छा लगा कि मनीष पांडेय और विजय शंकर को अपनी कड़ी मेहनत का इनाम मिला। हमने पिछले मुकाबलों में शुरू में विकेट नहीं गंवाये थे और इसलिए उन्हें मौका नहीं मिला था।’’
आपको बता दें कि हैदरबाद को राजस्थान ने 154 रनों का लक्ष्य दिया था, जवाब में हैदराबाद ने विजय शंकर और मनीष पांडेय की धमाकेदार पारियों की बदौलत 18.1 ओवर में ही 154 रन बना के जीत हासिल की।