भोपाल। मध्य प्रदेश में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को 27 प्रतिशत आरक्षण देने का मुद्दा एक बार फिर राजनीतिक बहस के केंद्र में आ गया है। 9 अक्टूबर को हाईकोर्ट के फैसले के बाद कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर पिछड़ा वर्ग के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। कांग्रेस नेताओं ने आरक्षण के समर्थन में पर्याप्त और विश्वसनीय आंकड़े जुटाने को लेकर सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।
भोपाल स्थित प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर OBC आरक्षण के मुद्दे पर अपनी बात रखी। उमंग सिंघार ने कहा कि 27 प्रतिशत आरक्षण पिछड़ा वर्ग का अधिकार है। उन्होंने सवाल किया कि सरकार इस आरक्षण को प्रभावी बनाने के लिए जरूरी आंकड़े जुटाने में कितनी गंभीर रही है।

कांग्रेस नेताओं ने आरक्षण से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करते हुए 1983 के महाजन आयोग की रिपोर्ट, सर्वेक्षण और आरक्षण पर 50 प्रतिशत की सीमा जैसे विषयों का उल्लेख किया। उन्होंने सरकार से पूछा कि OBC वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिलाने के लिए पर्याप्त और भरोसेमंद आंकड़े जुटाने की दिशा में क्या प्रयास किए गए हैं।
कांग्रेस ने भाजपा सरकार से मांग की है कि वह OBC समाज को 27 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिलाने के लिए आगे की कार्ययोजना स्पष्ट करे। पार्टी नेताओं का कहना है कि इस विषय पर सरकार को अपना रुख स्पष्ट करना चाहिए। फिलहाल इस मुद्दे पर प्रदेश में राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। अब सरकार की प्रतिक्रिया और आरक्षण से संबंधित आगे की कानूनी प्रक्रिया पर सबकी नजर रहेगी।