बुरहानपुर, मध्य प्रदेश। जिले के भावसा डैम से पानी के रिसाव की शिकायत को लेकर किसानों ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर धरना-प्रदर्शन किया। किसानों का आरोप है कि जल संसाधन विभाग और सीएम हेल्पलाइन 181 पर कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ है। किसानों ने प्रशासन से डैम की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की, ताकि सिंचाई के लिए पानी सुरक्षित रखा जा सके और फसलों को नुकसान से बचाया जा सके।
भावसा डैम में लीकेज की समस्या को लेकर किसानों में चिंता बनी हुई है। उनका कहना है कि यदि समय रहते पानी के रिसाव को नहीं रोका गया, तो सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने में परेशानी हो सकती है। इससे खेती और फसलों की पैदावार प्रभावित होने की आशंका है। किसानों ने संबंधित विभाग से मांग की कि डैम का निरीक्षण कर रिसाव के कारणों का पता लगाया जाए और जल्द से जल्द मरम्मत का काम कराया जाए।
धरने के दौरान किसान देशमुख ने कहा कि किसानों की आजीविका मुख्य रूप से खेती पर निर्भर है। यदि डैम से पानी लगातार बहता रहा और खेतों तक पर्याप्त पानी नहीं पहुंचा, तो किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से इस समस्या को गंभीरता से लेने और सिंचाई के पानी को सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की।
युवा किसान प्रीतम महाजन ने भी डैम में लीकेज को लेकर अपनी चिंता जाहिर की। उन्होंने कहा कि किसान परिवार से होने के कारण वे खेती की चुनौतियों को समझते हैं। यदि सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध नहीं होगा, तो फसल उगाना और पैदावार बनाए रखना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने प्रशासन से समस्या का समाधान कराने की अपील करते हुए कहा कि यदि किसानों को मरम्मत के लिए किसी तरह की तकनीकी जानकारी या मार्गदर्शन की आवश्यकता है, तो वह उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि जरूरत पड़ने पर किसान आपस में चंदा जुटाकर मरम्मत के प्रयास पर विचार कर सकते हैं।

किसानों के अनुसार, भावसा डैम में पानी के रिसाव को लेकर वे जल संसाधन विभाग से कई बार शिकायत कर चुके हैं। इसके अलावा सीएम हेल्पलाइन 181 पर भी शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन समस्या का निराकरण नहीं होने का आरोप है। इसी के चलते किसानों को कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपनी मांग उठानी पड़ी। उन्होंने अधिकारियों से मौके पर पहुंचकर डैम की स्थिति का जायजा लेने और रिसाव रोकने के लिए प्रभावी कार्रवाई करने की मांग की।
कलेक्टर हर्ष सिंह ने बताया कि भावसा डैम में लीकेज की शिकायत लेकर किसान उनसे मिले थे। उन्होंने कहा कि शिकायत को संबंधित विभाग के पास भेजकर डैम के रिसाव को दुरुस्त करने का प्रयास किया जाएगा। कलेक्टर के आश्वासन के बाद अब किसानों को संबंधित विभाग की कार्रवाई का इंतजार है। किसान चाहते हैं कि जल्द मरम्मत कराकर पानी के अनावश्यक बहाव को रोका जाए, ताकि सिंचाई व्यवस्था प्रभावित न हो।
भावसा डैम में लीकेज की समस्या ने सिंचाई के पानी के संरक्षण को लेकर चिंता बढ़ा दी है। किसानों का कहना है कि समय पर मरम्मत होने से पानी की बचत के साथ खेती को संभावित नुकसान से भी बचाया जा सकता है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि संबंधित विभाग डैम का निरीक्षण कर मरम्मत की दिशा में कब तक ठोस कदम उठाता है।