मध्य प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन समान नागरिक संहिता (UCC) के मुद्दे को लेकर कांग्रेस विधायक दल ने विधानसभा परिसर में सांकेतिक प्रदर्शन किया। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में कांग्रेस विधायकों ने सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार UCC जैसे मुद्दों के जरिए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के एजेंडे को आगे बढ़ाने का प्रयास कर रही है। कांग्रेस का कहना है कि सरकार को शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य और किसानों से जुड़े वास्तविक मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए।
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि प्रदेश में शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य सेवाओं और किसानों की समस्याएं गंभीर मुद्दे हैं, लेकिन सरकार इन पर चर्चा करने के बजाय अन्य विषयों को प्राथमिकता दे रही है।उन्होंने आरोप लगाया कि जैसे ही हिंदू-मुस्लिम या जवाहरलाल नेहरू से जुड़े मुद्दे सामने आते हैं, भाजपा और उससे जुड़े संगठन सक्रिय हो जाते हैं, जबकि आम जनता की समस्याओं पर उनकी चुप्पी दिखाई देती है।

कांग्रेस नेता ने सरकार से सवाल किया कि यदि भाजपा वास्तव में समानता और न्याय की समर्थक है तो अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को 27 प्रतिशत आरक्षण देने के मुद्दे पर अब तक स्थिति स्पष्ट क्यों नहीं की गई। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और जनहित से जुड़े विषयों पर सरकार को जवाब देना चाहिए।
UCC को लेकर मध्य प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। कांग्रेस जहां इसे जनता के मुद्दों से ध्यान भटकाने वाला कदम बता रही है, वहीं भाजपा लगातार अपने एजेंडे और नीतियों को लेकर पक्ष रखती रही है। विधानसभा सत्र के दौरान यह मुद्दा राजनीतिक बहस का केंद्र बना हुआ है।