मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने भोपाल में मीडिया से चर्चा के दौरान भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कथित ‘चंदा चोरी’ के मुद्दे को लेकर विपक्षी दलों और समाज के विभिन्न वर्गों से एकजुट होकर आवाज उठाने की अपील की।
दिग्विजय सिंह ने कहा कि जो भी लोग और राजनीतिक दल इस मुद्दे के खिलाफ हैं, उन्हें मिलकर लोकतांत्रिक तरीके से इसका विरोध करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे मामलों में जिम्मेदार लोगों को संरक्षण दिया जा रहा है। हालांकि, इन आरोपों पर भाजपा की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर पूछे गए सवाल पर दिग्विजय सिंह ने कहा कि कांग्रेस का रुख स्पष्ट है। उन्होंने कहा कि किसी भी कानून का उद्देश्य समाज को जोड़ना और सामाजिक समरसता को मजबूत करना होना चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि यूसीसी का स्वरूप ऐसा होना चाहिए, जिससे समाज में एकता बनी रहे और किसी तरह का विभाजन न बढ़े।

मीडिया बातचीत के दौरान जब दिग्विजय सिंह से लखन पटेल को पशुपालन विभाग का प्रभार दिए जाने को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने इस विषय पर कोई टिप्पणी नहीं की और वहां से आगे बढ़ गए।
दिग्विजय सिंह के बयानों के बाद मध्य प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर चर्चाएं तेज हो गई हैं। अब नजर इस बात पर रहेगी कि उनके आरोपों और राजनीतिक अपील पर अन्य दलों की क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।