पन्ना के लक्ष्मीपुर ओपन कैप परिसर में धान के रखरखाव में सामने आई अनियमितताओं के बाद मध्यप्रदेश वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक्स कॉर्पोरेशन ने सख्त कदम उठाया है। कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष संजय नगायच के निरीक्षण के बाद पन्ना शाखा की शाखा प्रबंधक एवं गुणवत्ता नियंत्रक वंदना बागरी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
लक्ष्मीपुर ओपन कैप में वर्ष 2025-26 का लगभग 17,543 मीट्रिक टन धान भंडारित था। निरीक्षण के दौरान धान के स्टैकों पर लगे कैप-कवर फटे हुए पाए गए, जिससे बारिश का पानी अंदर पहुंचने और अनाज खराब होने की आशंका जताई गई। इसके अलावा स्टैकों को सुरक्षित रखने के लिए कैप-नेट का उपयोग नहीं किया जाना, स्टैकों के बीच पर्याप्त दूरी का अभाव और परिसर में सफाई व्यवस्था की कमी जैसी समस्याएं भी सामने आईं।
कॉर्पोरेशन के अनुसार शाखा प्रबंधक की जिम्मेदारी थी कि भंडारित अनाज का वैज्ञानिक तरीके से संरक्षण किया जाए और निर्धारित नियमों के अनुसार स्टॉक की देखरेख सुनिश्चित की जाए। निरीक्षण में मिली कमियों को दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही मानते हुए यह कार्रवाई की गई है।

मध्यप्रदेश वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक्स कॉर्पोरेशन द्वारा 3 अगस्त 2026 को निलंबन आदेश जारी किया गया। आदेश के तहत वंदना बागरी को निलंबन अवधि में क्षेत्रीय कार्यालय सागर से संबद्ध किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
लक्ष्मीपुर ओपन कैप में सामने आई लापरवाही के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं। इतने बड़े पैमाने पर भंडारित धान की सुरक्षा में कमी कैसे आई, खराब कैप-कवर समय पर क्यों नहीं बदले गए और अन्य जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका क्या रही, इसकी जांच को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है।
फिलहाल शाखा प्रबंधक के निलंबन से यह स्पष्ट है कि कॉर्पोरेशन ने अनाज भंडारण और उसकी सुरक्षा में किसी भी तरह की लापरवाही को गंभीरता से लिया है। अब आगे की जांच में यह तय होगा कि मामले में अन्य अधिकारियों या कर्मचारियों की जिम्मेदारी भी सामने आती है या नहीं।