श्योपुरः बाढ़ पीड़ितों के लिए आई राहत राशि में घोटाले के बाद जांच में दोषी पाए जाने पर तत्कालीन तहसीलदार को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
जिले में साल 2021 में आई भीषण बाढ़ के बाद पीड़ितों के लिए आई राहत राशि में से दो करोड़ रुपये का घपला हुआ। यह राशि बाढ़ पीड़ितों की जगह दूसरे खातों में भेजी गईं। जांच में 28 पटवारी और बड़ौदा तहसील की तात्कालीन तहसीलदार अमिता सिंह तोमर को घोटाले का दोषी माना गया। तहसीलदार व पटवारियों पर एफआइआर हुई।
अमिता सिंह ने गिरफ्तारी से बचने हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट में गुहार लगाई, पर राहत नहीं मिलीं। गिरफ्तारी के भय से फरार भी हुईं, पर अंत में श्योपुर पुलिस ने तहसीलदार को ग्वालियर से दबोच लिया। श्योपुर एसपी सुधीर कुमार अग्रवाल ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा, कि इस घोटाले में कई और चेहरे बेनकाब होंगे।
गौरतलब है कि तहसीलदार अमिता सिंह ने कौन बनेगा करोड़पति में 50 लाख रुपये का इनाम जीतकर देशभर में ख्याति पाई थी।