1. हिन्दी समाचार
  2. देश
  3. 2 साल पहले रिटायर हुए सशस्त्र बलों के चिकित्साकर्मियों को ड्यूटी पर बुलाया जायेगा वापस: CDS

2 साल पहले रिटायर हुए सशस्त्र बलों के चिकित्साकर्मियों को ड्यूटी पर बुलाया जायेगा वापस: CDS

By Amit ranjan 
Updated Date

नई दिल्ली : कोरोना महामारी लगातार अपना पैर तेजी से फैला रहा है, जिसे लेकर पीएम मोदी एक तरफ जहां राज्यों के विभिन्न मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक कर रहे है। वहीं दूसरी तरफ, वे इस परिस्थिति में कैसे अधिक से अधिक लोगों की जान बचा सकें, और कोरोना को दूर करें, इसे लेकर एहतियातन कई कदम उठा रहे है। आपको बता दें कि देश के इसी स्थिति को लेकर चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत ने पीएम मोदी से मुलाकात की।

पीएमओ ने बताया कि उन्होंने कोविड-19 महामारी से निपटने के लिए सशस्त्र बलों के जरिए की जा रही तैयारी और संचालन की समीक्षा की। सीडीएस जनरव बिपिन रावत ने पीएम को जानकारी दी कि पिछले 2 वर्षों में सेवानिवृत्त या पूर्व-परिपक्व सेवानिवृत्ति लेने वाले सशस्त्र बलों के सभी चिकित्साकर्मियों को कोविड केंद्रों में उनके वर्तमान निवास स्थान के निकट काम करने के लिए वापस बुलाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि अन्य चिकित्सा अधिकारी जो पहले सेवानिवृत्त हुए थे, उनसे भी अनुरोध किया गया है कि वे अपनी सेवाएं चिकित्सा आपातकालीन हेल्पलाइन के माध्यम से परामर्श के लिए उपलब्ध कराएं। पीएम को यह भी बताया गया कि कमांड मुख्यालय, कोर मुख्यालय, डिवीजन मुख्यालय और नौसेना और वायु सेना के समान मुख्यालय में कर्मचारियों की नियुक्तियों पर सभी चिकित्सा अधिकारियों को अस्पतालों में नियुक्त किया जाएगा।

सीडीएस ने पीएम को बताया कि अस्पतालों में डॉक्टरों की पूर्ति के लिए नर्सिंगकर्मियों को बड़ी संख्या में नियुक्त किया जा रहा है। पीएम को यह भी जानकारी दी गई कि विभिन्न प्रतिष्ठानों में सशस्त्र बलों के साथ उपलब्ध ऑक्सीजन सिलेंडर अस्पतालों के लिए जारी किए जाएंगे। सीडीएस ने यह भी कहा कि वे बड़ी संख्या में चिकित्सा सुविधाएं बना रहे हैं और जहां संभव हो सके, सैन्य चिकित्सा बुनियादी ढांचा नागरिकों को उपलब्ध कराया जायेगा।

इस दौरान पीएम मोदी ने भारतीय वायुसेना द्वारा भारत और विदेशों में ऑक्सीजन और अन्य आवश्यक वस्तुओं के परिवहन के लिए किए जा रहे अभियानों की भी समीक्षा की। पीएम ने सीडीएस के साथ इस बात पर भी चर्चा की कि दिग्गज सेल में विभिन्न मुख्यालयों में तैनात केंद्रीय और राज्य सैनिक कल्याण बोर्ड और अधिकारियों को निर्देश दिया जा सकता है कि वे सुदूर क्षेत्रों में पहुंच को अधिकतम सीमा तक विस्तारित करने के लिए दिग्गजों की सेवाओं का समन्वय करें।

गौरतलब है कि इस विकट स्थिति में CDS बिपिन रावत और पीएम मोदी की यह बैठक काफी अहम माना जा रहा है।

Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...